स्कोर क्या हुआ है?




हमारे गांव की रेलवे लाइन पर बने फाटक के किनारे एक चबूतरा बना हुआ है। जब क्रिकेट का मैच आता है तो वहां गांव के कई बूढ़े एकत्रित हो जाते हैं। वहां रेलवे गेटमैन का केबिन भी है। चबूतरा इस तरह से बना है कि वहां आप गर्मी में आराम भी फरमा सकते हैं क्योंकि पेड़ों की छाया और मंद-मंद हवा आपको वहां से हटने नहीं देगी। एक-दो चारपाई और कुर्सियां वहां हमेशा आपको मिलेंगी।

गांव जाट बाहुल्य है तो सहवाग और युवराज के लिए वृद्ध ग्रामीण चीयर-अप करते हैं। हांलाकि उनके बच्चे अपने घरों में टी.वी. पर लाइव मैच का आनंद ले रहे होते हैं, तो वे चबूतरे पर लाइव रेडियो कमेंटरी सुन हुक्का गुड़गुड़ा रहे होते हैं।

ऐसा नहीं है कि वे खेतों का काम छोड़कर वहां आते हैं। वे खेतों पर भी रेडियो सैट ले जाना नहीं भूलते। यह जूनून पहले नहीं था और न ही वे क्रिकेट के बारे में जानते थे। उन्होंने तो २०-२० कप से ही क्रिकेट में दिलचस्पी लेनी शुरु की।

गांव के बच्चों से आपको वे पूछते मिल जायेंगे - स्कोर क्या हुआ है? सहवाग ने कितने रन बनाये? युवराज ने आज कितने शाट लगाये? बगैरह-बगैरह....।

मेरे पिताजी को यह खेल कभी भाया नहीं। लेकिन इस वल्र्ड-कप में भारत-पाकिस्तान का मैच उन्होंने लगभग आधे घंटे तक देखा।

-harminder singh

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